अमेरिका बनाम BRICS… भारत, रूस, ब्राजील, चीन की जुगलबंदी, 8 घंटे का अल्टीमेटम देने वाले डोनाल्ड ट्रंप ने क्यों साधी चुप्पी?
Source: Navbharat Times | Original Published At: 2025-08-10 08:33:25 UTC
Key Points
- ब्राजील, भारत, रूस और चीन ब्रिक्स के संस्थापक सदस्य हैं
- टैरिफ युद्ध के खिलाफ ब्रिक्स के एक्टिवेट होने पर डोनाल्ड ट्रंप के कदम वापस लेने के संकेत
- कई एक्सपर्ट्स इस संभावना की पुष्टि कर रहे हैं
ब्राजील, भारत, रूस और चीन… ये चारों देश ब्रिक्स के संस्थापक सदस्य हैं। ऐसे में सवाल ये हैं कि क्या टैरिफ युद्ध के खिलाफ ब्रिक्स के एक्टिवेट होते ही डोनाल्ड ट्रंप ने अपने कदम वापस खींच लिए हैं? कई एक्सपर्ट्स लगातार यही संकेत दे रहे हैं।
लेखक के बारे में अभिजात शेखर आजाद अभिजात शेखर आजाद, नवभारत टाइम्स में इंटरनेशनल अफेयर्स जर्नलिस्ट हैं। जियो-पॉलिटिक्स और डिफेंस पर लिखते हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में 16 सालों का अनुभव है। अपने कैरियर की शुरूआती दिनों में उन्होंने क्राइम बीट में काम किया और ग्राउंड रिपोर्टिंग की। उन्होंने दो लोकसभा चुनाव को कवर किया है। इसके बाद वो इंटरनेशनल अफेयर्स की तरफ आ गये, जहां उन्होंने अमेरिका राष्ट्रपति चुनाव के साथ साथ कई देशों के इलेक्शन और वहां की राजनीति को कवर किया है। डिफेंस सेक्टर, हथियारों की खरीद बिक्री और अलग अलग देशों के बीच होने वाले संघर्ष पर लगातार लिखते रहते हैं। वो ज़ी मीडिया समेत कई प्रतिष्ठित संस्थान में काम कर चुके हैं। नवभारत टाइम्स ऑनलाइन पर वो डिफेंस और जियो-पॉलिटिक्स के एक्सपर्ट्स, डिप्लोमेट्स और सैन्य अधिकारियों से बात करते रहते हैं। इस समय वो ‘बॉर्डर-डिफेंस’ नाम से साप्ताहिक वीडियो इंटरव्यू भी करते हैं, जो डिफेंस पर आधारित है। उन्होंने पश्चिम बंगाल विश्वविद्यालय से इंग्लिश जर्नलिज्म की पढ़ाई है।