पीएम मोदी जापान के बाद जाएंगे चीन, ट्रंप के टैरिफ वॉर के बीच आ गया दौरे का पूरा शेड्यूल
Source: Navbharat Times | Original Published At: 2025-08-22 14:40:20 UTC
Key Points
- पीएम मोदी 29 अगस्त से 1 सितंबर 2025 तक जापान और चीन की यात्रा पर जाएंगे
- जापान में 15वां भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन होगा
- चीन में शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे
- भारत-चीन संबंधों में सुधार और सीमा पर शांति बनाए रखने की जरूरत पर जोर
- अमेरिका के टैरिफ वॉर के मद्देनजर रणनीतिक संतुलन की आवश्यकता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 29 अगस्त से 1 सितंबर 2025 तक जापान और चीन की यात्रा पर जाएंगे। वे जापान में भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे, जिसके बाद चीन में एससीओ शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। यह दौरा भारत-चीन द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करने और सीमा पर शांति बनाए रखने के लिए महत्वपूर्ण है।
नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 29 अगस्त से 1 सितंबर, 2025 तक जापान और चीन की यात्रा पर जा रहे हैं। अमेरिका की तरफ से टैरिफ वॉर के बीच पीएम मोदी के दौरे का शेड्यूल जारी हो गया है। जापान के प्रधानमंत्री शिगेरु इशिबा के निमंत्रण पर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 15वें भारत-जापान वार्षिक शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए 29-30 अगस्त 2025 तक जापान की यात्रा करेंगे। इसके बाद पीएम मोदी अपनी यात्रा के दूसरे चरण में, चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के निमंत्रण पर, प्रधानमंत्री 31 अगस्त से 1 सितंबर 2025 तक तियानजिन में शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन में भाग लेने के लिए चीन की यात्रा करेंगे।
क्यों अहम है पीएम मोदी का दौरा?
पीएम मोदी तियानजिन में होने वाले शंघाई सहयोग संगठन (एससीओ) शिखर सम्मेलन में हिस्सा लेंगे। ऐसे में मोदी का चीन दौरा न केवल एससीओ बल्कि भारत-चीन द्विपक्षीय संबंधों के लिए भी बेहद महत्वपूर्ण होगा। भारत में चीनी राजदूत भी इस बात की पुष्टि कर चुके हैं। चीनी राजदूत ने शू फेइहोंग के अनुसार प्रधानमंत्री मोदी की चीन यात्रा हमारे दोनों देशों के संबंधों में सुधार और विकास को नई गति देगी।
चीनी राजदूत कह चुके हैं कि भारत और चीन की ओर से एक कार्यदल इस यात्रा को सफल बनाने के लिए कड़ी मेहनत कर रहा है। हम इस दौरे को अत्यंत महत्व देते हैं और विश्वास है कि यह बेहद सफल होगा। भारत दौरे पर आए थे चीनी विदेश मंत्री
इससे पहले चीनी विदेश मंत्री वांग यी दो दिन के भारत दौरे पर आए थे। वांग यी ने प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात कर राष्ट्रपति शी जिनपिंग का संदेश और आमंत्रण सौंपा था। प्रधानमंत्री ने इस दौरान सीमा पर शांति और स्थिरता बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया। मोदी ने कहा कि सीमा मुद्दे का समाधान निष्पक्ष, उचित और पारस्परिक रूप से स्वीकार्य होना चाहिए।
अमेरिकी टैरिफ वॉर के बीच रणनीतिक संतुलन
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत समेत अन्य देशों के खिलाफ टैरिफ वॉर छेड़ रखा है। ट्रंप ने भारत पर रूस से तेल खरीदने के लिए जुर्माने के रूप में 25% टैरिफ लगाया है। इसके साथ ही ट्रंप ने BRICS देशों के लिए अतिरिक्त 25% टैरिफ की धमकी दी है। ऐसे में चीन के साथ संबंधों में सुधार भारत को अमेरिका के खिलाफ एक रणनीतिक बढ़ता दे सकता है।