खतरे में पड़ी अमेरिका और डोनाल्ड ट्रंप की बादशाहत, पुतिन ने कर दिया ‘एकध्रुवीय विश्व’ के अंत का आह्वान
Source: India TV Hindi | Original Published At: 2025-09-04 02:50:14 UTC
Key Points
- पुतिन ने एकध्रुवीय विश्व व्यवस्था के अंत की मांग की
- BRICS और SCO की भूमिका पर जोर दिया
- भारत और चीन की आर्थिक शक्ति की प्रशंसा की
- अमेरिकी टैरिफ और पश्चिमी प्रतिबंधों की आलोचना की
- मोदी से अलास्का में ट्रंप से बातचीत के बारे में जानकारी साझा की
Image Source : AP व्लादिमिर पुतिन, रूस के राष्ट्रपति।
बीजिंग: रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने अपने एक बयान से दुनिया भर में खलबली पैदा कर दी है। पुतिन ने बुधवार को चीन दौरे के समापन पर एक प्रेस वार्ता में कहा कि अब “एकध्रुवीय विश्व व्यवस्था” को समाप्त हो जाना चाहिए। उन्होंने ज़ोर देकर कहा कि एक बहुध्रुवीय वैश्विक व्यवस्था की आवश्यकता है, जिसमें किसी भी देश का वर्चस्व न हो और सभी राष्ट्र समान अधिकार के साथ सहभागिता करें। पुतिन के इस ऐलान से अमेरिका और डोनाल्ड ट्रंप की बादशाहत को बड़ा खतरा पैदा हो गया है।
अमेरिका की दादागिरी होगी खत्म
पुतिन ने अमेरिका का नाम लिए बगैर कहा, “एकध्रुवीय दुनिया अन्यायपूर्ण है, यह स्पष्ट है। हम अपने रिश्ते इस विचार पर विकसित कर रहे हैं कि दुनिया बहुध्रुवीय होनी चाहिए, जिसमें सभी देश बराबर हों। उन्होंने इस नई व्यवस्था में BRICS और SCO जैसे संगठनों की भूमिका को महत्वपूर्ण बताया और कहा कि यह बदलाव धीरे-धीरे आकार ले रहा है। उन्होंने कहा कि “BRICS और SCO में कोई भी यह नहीं कह रहा कि इस नई बहुध्रुवीय व्यवस्था में कोई नया वर्चस्व होना चाहिए।”
भारत और चीन की तारीफ
पुतिन ने भारत और चीन जैसे आर्थिक दिग्गजों का उल्लेख करते हुए कहा कि “हां, भारत और चीन जैसी बड़ी अर्थव्यवस्थाएं हैं…और हमारा देश भी क्रय शक्ति समानता के आधार पर शीर्ष चार में है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि कोई देश राजनीति या वैश्विक सुरक्षा पर हावी हो।”
पश्चिमी प्रतिबंधों और अमेरिकी टैरिफ पर निशाना
पुतिन के इस बयान को यूक्रेन युद्ध पर पश्चिमी प्रतिबंधों और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा लगाए गए टैरिफ की पृष्ठभूमि में देखे जा रहे हैं।
विशेष रूप से भारत और चीन पर लगाए गए टैरिफ को लेकर रूस ने एकध्रुवीय सोच की आलोचना की है। भारत पर अमेरिकी टैरिफ अब 50 प्रतिशत तक पहुंच गया है, जिसमें 25% अतिरिक्त शुल्क केवल रूसी तेल खरीदने के कारण लगाया गया है।
मोदी से मुलाक़ात और ट्रंप के साथ चर्चा का ज़िक्र
पुतिन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से हुई अनौपचारिक बातचीत का भी उल्लेख किया, जो SCO सम्मेलन स्थल से होटल तक कार यात्रा के दौरान हुई। पुतिन ने कहाकि उन्होंने मोदी को अलास्का में हाल ही में ट्रंप से हुई बातचीत की जानकारी दी। “यह कोई रहस्य नहीं है। मैंने उन्हें (मोदी) अलास्का में हुई बातचीत के बारे में बताया। पुतिन ने चीन यात्रा को “बहुत सकारात्मक” बताया और कहा कि “सभी प्रतिभागियों द्वारा अपनाए गए दस्तावेज़ दूरदर्शी और भविष्य के लिए दिशा देने वाले हैं। (ANI)