‘पाकिस्तान से आजादी दिलाने में मदद के लिए थैंक्यू’, बांग्लादेश ने रूस से BRICS और SCO मेंबरशिप के लिए मांगी मदद
Source: नवभारत टाइम्स | Original Published At: 2026-06-09 03:47:43 UTC
ढाका: बांग्लादेश ने ब्रिक्स (BRICS) और शंघाई सहयोग संगठन (SCO) में शामिल होने के लिए रूस से समर्थन मांगा है। बांग्लादेश के विदेश मंत्री खलीलुर्रहमान ने रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव से मुलाकात की है। द्विपक्षीय बैठक में रहमान ने लावरोव से कहा कि बांग्लादेश को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर ज्यादा जगह मिलनी चाहिए। ऐसे में रूस को BRICS और SCO जैसे गुटों की सदस्यता हासिल करने में बांग्लादेश की मदद करनी चाहिए। बांग्लादेशी विदेश मंत्री ने 1971 में पाकिस्तान के खिलाफ आजादी की लड़ाई में समर्थन देने के लिए भी रूस का धन्यवाद किया है।
बांग्लादेशी मीडिया के मुताबिक, रूस और बांग्लादेश के विदेश मंत्रियों के बीच संयुक्त राष्ट्र जैसे अंतरराष्ट्रीय मंचों पर 'ग्लोबल साउथ' (विकासशील देशों) के बीच सहयोग को मजबूत करने पर चर्चा हुई। बांग्लादेश के विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में कहा है कि रूसी विदेश मंत्री ने ब्रिक्स और SCO की सदस्यता हासिल करने के लिए समर्थन की ढाका की गुजारिश पर सकारात्मक जवाब दिया है।
रूस-बांग्लादेश संबंध
खलीलुर्रहमान रविवार को अपने तीन दिन के दौरे पर मॉस्को पहुंचे थे। यहां उनकी कई अहम बैठकें हुई हैं। रूसी विदेश मंत्री के साथ मीटिंग में खलीलुर्रहमान ने बांग्लादेश और यूरेशियाई आर्थिक आयोग (EEC) के बीच मुक्त व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने के लिए भी रूस से समर्थन मांगा। EEC के सदस्यों में रूस, बेलारूस, आर्मेनिया, कजाकिस्तान और किर्गिस्तान शामिल हैं।
बांग्लादेश ने रूस से 2 अरब डॉलर से अधिक के वार्षिक द्विपक्षीय व्यापार के साथ रूसी बाजार में अपने उत्पादों के लिए शुल्क-मुक्त और कोटा-मुक्त पहुंच और बांग्लादेशी सामानों के लिए पंजीकरण प्रक्रिया को तेज करने का अनुरोध किया। रूपपुर परमाणु ऊर्जा संयंत्र पर भी बात की गई। बांग्लादेश के पहले परमाणु ऊर्जा संयंत्र की पहली इकाई 28 अप्रैल को चालू की गई थी।
ब्रिक्स और एससीओ
ब्रिक्स के बनने के समय इसमें ब्राजील, रूस, भारत, चीन और दक्षिण अफ्रीका शामिल थे। साल 2023 में मिस्र, इथियोपिया, ईरान, सऊदी अरब, यूएई और इंडोनेशिया इसमें शामिल हुए। बांग्लादेश ने भी उस साल सदस्यता के लिए आवेदन किया था लेकिन उसे पर्याप्त समर्थन नहीं मिला। वहीं SCO एक प्रमुख यूरेशियाई राजनीतिक, आर्थिक और सुरक्षा गठबंधन है, जिसमें दस देश हैं।
रहमान के साथ बैठक में लावरोव ने रोहिंग्याओं की म्यांमार वापसी के लिए रूस के समर्थन को दोहराया है। रूसी विदेश मंत्री ने इस दौरान खलीलुर्रहमान को संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के 81वें सत्र के अध्यक्ष के रूप में चुने जाने पर बधाई दी। बांग्लादेश और रूस जनवरी 2027 में अपने राजनयिक संबंधों की 55वीं वर्षगांठ मनाएंगे, इसका दोनों पक्षों ने जिक्र किया।
लेखक के बारे मेंरिजवानरिजवान नवभारत टाइम्स ऑनलाइन में चीफ सीनियर डिजिटल कंटेंट प्रोड्यूसर हैं। पत्रकारिता में उनका 10 वर्षों का अनुभव है। वह इंटरेशनल अफेयर्स (वर्ल्ड सेक्शन) कवर कर रहे हैं। अमर उजाला के साथ डिजिटल पारी की शुरुआत की और फिर वन इंडिया हिंदी, राजस्थान पत्रिका से होते हुए नवभारत टाइम्स में है। उन्होंने चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय और भारतीय जनसंचार संस्थान से पढ़ाई की है। वैश्विक राजनीतिक तनाव हो या कूटनीतिक घटनाक्रम, सबसे पहले खबर देना और उसका भारत पर क्या असर पड़ेगा, यह भारत और दुनिया भर में बसे हिंदी के पाठकों को स्टोरी और वीडियो के जरिए विश्लेषण देना रिजवान की पहली प्राथमिकता रहती है। पत्रकारिता अनुभव: डिजिटल मीडिया में 10 साल से कार्यरत हैं। रिजवान ने साल 2015 में नई दिल्ली में अमर उजाला डॉट कॉम से अपने करियर की शुरुआत की थी। इसके बाद वन इंडिया हिंदी, राजस्थान पत्रिका से होते हुए नवभारत टाइम्स में है।… और पढ़ें